उन्होंने आगे कहा, “कल के बयान में, हमने अपना आक्रोश व्यक्त किया था। हम देश भर के सभी रेजिडेंट डॉक्टर्स एसोसिएशन (आरडीए) और मेडिकल एसोसिएशन से अपील करते हैं कि वे इस अन्याय के खिलाफ हमारी लड़ाई में साथ आएं। आर.जी. कर मेडिकल कॉलेज के साथियों के साथ एकजुटता दिखाने के लिए, हम सोमवार, 12 अगस्त से अस्पतालों में वैकल्पिक सेवाओं को राष्ट्रव्यापी रूप से बंद करने की घोषणा करते हैं। यह निर्णय हल्के में नहीं लिया गया है, लेकिन यह आवश्यक है कि हमारी आवाज सुनी जाए और न्याय और सुरक्षा की हमारी मांगें तुरंत पूरी की जाएं।”
कोलकाता: अभिषेक बनर्जी ने कही ये बात
आरजी कर मेडिकल कॉलेज और अस्पताल में हुई घटना पर तृणमूल कांग्रेस के महासचिव और सांसद अभिषेक बनर्जी ने कहा, “यह घटना बेहद निंदनीय है, और राज्य सरकार इस मामले को गंभीरता से ले रही है। 24 घंटे के भीतर एक आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है। बलात्कारी की कोई पहचान नहीं होती, चाहे वह पुलिसवाला हो, मजदूर हो, या किसी अन्य पेशे से जुड़ा हो। आरोपी एक हत्यारा है। मैंने देखा है कि कई राजनीतिक दल झंडे लेकर सड़कों पर विरोध कर रहे थे, लेकिन हमें इसके बजाय कानून बनाना चाहिए जिससे 7 दिनों के भीतर त्वरित न्याय मिल सके। भाजपा नेताओं को विरोध के बजाय ऐसा विधेयक लाना चाहिए जो बलात्कारियों को 7 दिनों में सजा दिला सके, और विपक्षी दलों जैसे तृणमूल कांग्रेस और कांग्रेस को उस विधेयक का समर्थन करना चाहिए। मुकदमों में 5-6 साल क्यों लगने चाहिए? एक मां और पिता ने अपनी बेटी को खो दिया है, और उसकी पीड़ा वही समझ सकते हैं। राजनीतिक दलों, मीडिया, और न्यायपालिका की सामूहिक जिम्मेदारी होनी चाहिए कि वे इस परिवार को जल्द से जल्द न्याय दिलाएं।”
अभिषेक बनर्जी ने आगे कहा कि यह मामला केवल कानून और व्यवस्था का मुद्दा नहीं है, बल्कि समाज की सामूहिक जिम्मेदारी भी है। उन्होंने ज़ोर देकर कहा कि ऐसे मामलों में त्वरित कार्रवाई और न्याय आवश्यक है, ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं को रोका जा सके। उन्होंने सभी राजनीतिक दलों से अपील की कि वे इस गंभीर मुद्दे पर राजनीति से ऊपर उठकर एकजुट हों, ताकि पीड़ित परिवार को न्याय मिल सके और दोषियों को जल्द से जल्द सजा दी जा सके।