तीर्थहल्ली कर्नाटक के मलनाड क्षेत्र का एक शांत शहर है, जो कभी-कभी सांप्रदायिक तनाव के लिए सुर्खियां बटोरता है। 2018-19 में एनआईए ने सैटेलाइट फोन यूजर्स का पीछा करते हुए शहर का दौरा किया। लगभग उसी समय दो युवक मुसव्विर हुसैन शाजिब और अब्दुल मथीन ताहा ने शहर छोड़ दिया था। 2019 के अंत तक कर्नाटक पुलिस को पता चला कि ताहा अल हिंद-कर्नाटक मॉड्यूल चलाने वाले संदिग्धों में से एक था। अब ये दोनों बेंगलुरु कैफे विस्फोट में मुख्य संदिग्ध हैं।
पिता बेटे की हरकत से परेशान
जैसे ही शुक्रवार को दोनों युवकों की गिरफ्तारी की खबर आई, उनके परिवारों ने अपने घरों के लिए ताले लगाने और अज्ञात जगहों पर जाने का निर्णय लिया। एक सूत्र ने बताया कि ताहा के पिता मंसूर अहमद पूर्व सैनिक हैं और उन्हें अपने बेटे की आतंकवादी गतिविधियों से परेशानी हो रही थी। सूत्र ने यह भी बताया कि अहमद सेना से रिटायर होने के बाद तीर्थहल्ली में बस गए थे और वे अक्सर इस बात पर अफसोस करते थे कि वे देश की सेवा में गर्व करते हैं, जबकि उनका बेटा इसके विपरीत काम कर रहा था।
शाजिब के पिता थे किसान
शाजेब के पिता मोहम्मद नुरुल्ला चिक्कमगलुरु में केंगटे, कोप्पा के एक किसान थे। नुरुल्ला की मृत्यु के बाद उनकी पत्नी ने परिवार को तीर्थहल्ली में अपने पिता के घर ले गई। उनके पिता कैमारा बाबू साब एक लोकप्रिय सब्जी व्यापारी थे। शाजेब चार भाई-बहनों में तीसरे नंबर का हैं। जबकि उनका छोटा भाई पढ़ाई कर रहा है। बड़े भाई कपड़े का व्यवसाय चलाते हैं और एक मोबाइल फोन की दुकान के मालिक हैं।
शाजिब और ताहा बचपन के दोस्त
सूत्रों के मुताबिक शाजिब और ताहा बचपन के दोस्त हैं। पारिवारिक सूत्रों ने टीओआई को बताया कि वे दोनों तीर्थहल्ली में हाई स्कूल में पढ़े। ताहा ने तीर्थहल्ली में अपनी शिक्षा जारी रखी जबकि शाजिब ने शिवमोग्गा में एक कॉलेज में दाखिला लिया। इसके बाद शाजिब ने अपनी पढ़ाई बंद कर दी, ताहा ने व्हाइटफील्ड, बेंगलुरु के एक प्राइवेट कॉलेज से इंजीनियरिंग की डिग्री हासिल की।
विदेशी हैंडलर के कॉन्टैक्ट में थे बेंगलुरु ब्लास्ट के आरोपी
वास्तव में, सामने यह भी आ रहा है कि एक मार्च को बम ब्लास्ट करने से पहले और बाद में कैफे में आईईडी रखने वाला मुख्य आरोपी मुसव्विर हुसैन शाजिब लगातार किसी विदेशी हैंडलर के संपर्क में था। एनआईए के एक अधिकारी ने बताया कि गिरफ्तार दोनों आरोपियों के नाम मुसव्विर हुसैन शाजिब उर्फ मोहम्मद जुनैद हसन उर्फ मोहम्मद जुनैद सैयद और अब्दुल मतीन अहमद ताहा उर्फ विगनेश उर्फ सुमित हैं। दोनों को कोर्ट में पेश कर तीन दिन की रिमांड पर लिया गया है। इनमें से मुसव्विर हुसैन ने कैफे में बम रखा था और मोहम्मद जुनैद मुख्य साजिशकर्ता बताया जा रहा है। एनआईए दोनों को उस कैफे में ले जाकर क्राइम सीन री-क्रिएट भी कर सकती है, जहां इन्होंने बम धमाका किया था।